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Mili Ram Modiyayi   

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Author Rajendra Kumar Pandey::Umesh Singh::Vishal Gupta
Features
  • ISBN : 9789375730798
  • Language : Hindi
  • Publisher : Prabhat Prakashan
  • Edition : 1st
  • ...more

More Information

  • Rajendra Kumar Pandey::Umesh Singh::Vishal Gupta
  • 9789375730798
  • Hindi
  • Prabhat Prakashan
  • 1st
  • 2026
  • 128
  • Soft Cover
  • 150 Grams

Description

"पुस्तक ‘अहो अयोध्या’ के सृजन के दौरान संतों की महिमा और उनके आध्यात्मिक दर्शन ने चिंतन की नई धारा को दिशा दी। मन में यह बात सदैव गूँजती रही कि मर्यादा पुरुषोत्तम श्री राम की मौजूदगी से ज्यादा लीला संवरण के बाद उनका नाम कहीं अधिक प्रभावी रहा।

अर्थात् राम के नाम में उनसे भी कहीं अधिक शक्ति का स्रोत फूटता है। सतनाम के रूप में राम का नाम प्रभावी हुआ? यह दशरथनंदन राम ही हैं, जिनका सहारा लेकर संत और गृहस्थ सत् चित् आनंद में गोते लगाते रहे हैं, या फिर राम से पहले भी राम का नाम अध्यात्म जगत् में संतों और गृहस्थो का सहारा बनता रहा है।

आतुरता शोध की जननी बन गई। अयोध्या केंद्र में, कोटक वन महज एक पड़ाव मि ला। सतनाम पंथ अतीत की धरोहर, राम उसके आधार। वर्तमान का संकेत अतीत की ओर।"

The Author

Rajendra Kumar Pandey::Umesh Singh::Vishal Gupta

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