Prabhat Prakashan, one of the leading publishing houses in India eBooks | Careers | Events | Publish With Us | Dealers | Download Catalogues
Helpline: +91-7827007777

JPSC GENERAL STUDIES PRELIMS PAPER1 AND PAPER 2 SOLVED PAPERS WITH 20 PRATICE SETS (HINDI)   

₹235

Out of Stock
  We provide FREE Delivery on orders over ₹1500.00
Delivery Usually delivered in 5-6 days.
Author Vijay Kumar
Features
  • ISBN : 9789354880100
  • Language : Hindi
  • Publisher : Prabhat Prakashan
  • Edition : 1
  • ...more

More Information

  • Vijay Kumar
  • 9789354880100
  • Hindi
  • Prabhat Prakashan
  • 1
  • 2021
  • 244
  • Soft Cover
  • 250 Grams

Description

पुस्तक के बारे में
प्रस्तुत पुस्तक झारखण्ड लोक सेवा आयोग द्वारा  आयोजित प्रारंभिक परीक्षा के सामान्य अध्ययन (पेपर-I एवं पेपर – II)  की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों हेतु निर्धारित पाठ्यक्रम के अनुसार बनाई गई है|  इसके अतिरिक्त पुस्तक में 2003 से 2021 तक के साल्व्ड पेपर्स भी दिए गए हैं I   परीक्षा के नवीनतम पैटर्न पर तैयार यह पुस्तक इस परीक्षा की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों के लिए  अत्यंत उपयोगी है | 

पुस्तक विवरण
पुस्तक का नाम - JPSC प्रारंभिक परीक्षा  20 प्रैक्टिस सेट्स
पुस्तक का प्रकार – प्रैक्टिस सेट्स एवं सॉल्व्ड पेपर्स
विषय – सामान्य ज्ञान  
नौकरी का स्थान – झारखण्ड सरकार 
पुस्तक के मुख्य अंश 
• परीक्षा से संबंधित पुस्तक – यह पुस्तक उन छात्रों के लिए लिखी गई  है जो झारखण्ड लोक सेवा आयोग द्वारा  आयोजित प्रारंभिक परीक्षा के सामान्य अध्ययन (पेपर-I एवं पेपर – II)  की तैयारी कर रहे है| 
• पुस्तक की विषय सूची – 20 प्रैक्टिस सेट्स  एवं साल्व्ड पेपर्स   
पुस्तक की मुख्य विशेषताएं –
• झारखण्ड लोक सेवा आयोग द्वारा  आयोजित प्रारंभिक परीक्षा के सामान्य अध्ययन (पेपर-I एवं पेपर – II)  परीक्षा की नवीनतम परीक्षा पद्धति एवं पैटर्न पर आधारित 
• सरल एवं सहज भाषा का प्रयोग  
• प्रश्नों  के व्याख्या सहित उत्तर 
• परीक्षा में पूछे जाने वाले संभावित प्रश्नों का समावेश

The Author

Vijay Kumar

विजय कुमार—जन्म : 1956 में।

शिक्षा : एम.ए. राजनीति शास्त्र ।

छात्र-जीवन से ही लेखन, संपादन एवं सामाजिक कार्यों में रुचि। आपातकाल में चार माह मेरठ कारावास में रहे।

2000-2008 : सहायक संपादक 'राष्ट्रधर्म' (मासिक) लखनऊ।

2008-2016 : विश्व हिंदू परिषद्, केंद्रीय कार्यालय, दिल्ली में प्रकाशन विभाग से संबद्ध रहे।

2016-2024 : निदेशक, विश्व संवाद केंद्र, देहरादून।

प्रकाशन : छोटी-बड़ी 16 पुस्तकें प्रकाशित। 600 से अधिक लेख, व्यंग्य, निबंध आदि अनेक पत्र-पत्रिकाओं तथा अंतरजाल (इंटरनेट) पर प्रकाशित। नियमित लेखन का क्रम जारी।

साप्ताहिक 'पाञ्चजन्य' में 1992 से निरंतर तीस वर्ष छह पंक्तियों के काव्य- स्तंभ 'प्रशांत वाणी' का प्रकाशन। 2009 से 2016 तक पाक्षिक स्तंभ 'व्यंग्य बाण' भी प्रकाशित हुआ।

पर्यटन मंत्रालय की 'सिंधु दर्शन स्मारिका' में लेह-लद्दाख यात्रा-वृत्तांत प्रकाशित ।

अनेक स्मारिकाओं तथा विशेषांकों के संकलन व संपादन में सहयोग।

संप्रति : माधव सेवा विश्राम सदन, ऋषिकेश।

Customers who bought this also bought

WRITE YOUR OWN REVIEW